Saturday, March 07 2026

डीएम के कड़े निर्देश पर ऐक्शन में जिला कृषि पदाधिकारी! 33 खाद दुकानदारों पर कार्रवाई,छापेमारी का सिलसिला जारी

FIRSTLOOK BIHAR 03:41 AM बिहार

मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर में रासायनिक खाद की कालाबाजारी का मामला सामने आने के बाद जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने गंंभीरता से लिया डीएम ने कृषि टास्क फोर्स की बैठक बुलाई सभी अधिकारियों को करे निर्देश दिए



खाद की कालाबाजारी रोकने को लेकर त्वरित कार्रवाई करने का आदेश दिया



जिलाधिकारी के कड़े आदेश के बाद जिला कृषि पदाधिकारी भी ऐक्शन में आ गए जिला कृषि पदाधिकारी सुधीर कुमार ने कृषि टास्क फोर्स का गठन कर छापेमारी का आदेश जारी कर दिया बड़े स्तर पर खाद दुकानों पर की गई छापेमारी में कई जगहों पर अनियमितता पाई गई इसके बाद संबंधित दुकानों पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है मुजफ्फरपुर जिले में 1442 रिटेल दुकानों में से अबतक 286 दुकानों पर छापेमारी की गई हैजिसमें 33 दुकानों पर विभिन्न तरह कि अनियमितता पाई गई, जिसमें तीन दुकानदारों पर प्राथमिक दर्ज कराई गई, 11 दुकान का लाइसेंस रद्द कर दिया गया और 19 दुकानों को निलंबित करते हुए आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है इसमें सबसे अधिक मीनापुर की 40 दुकानों पर छापेमारी की गई,लेकिन वहां दो दुकानों पर अनियमितता पाई गई सबसे अधिक अनियमितता मुसहरी, औराई,कटरा एवं पारू में पाई गई हालांकि खाद वितरण में बड़े पैमाने पर खाद कंपनी और होलसेल विक्रेताओं की मिली भगत होने की बात बताई जा रही है, हाल ही में इसका खुलासा हुआ कि एक कंपनी ने जिले को आबंटित डीएपी की मात्रा को छुपाकर अपने चहेते थोक बिक्रेताओं को गलत तरीके से उपलब्ध करा दिया

इस स्थिति में खाद कपंनी के माध्यम से जिले को मिले खाद को थोक बिक्रेताओं के बीच किए गए आबंटन और उसके वितरण की जांच करने के बाद खाद कालाबाजारी में बड़ा खुलासा हो सकता है बताया तो यह भी जा रहा है कि जिले के एक बड़े थोक विक्रेता का लाइसेंस पिछले साल अनियमितता के कारण निलंबित कर दिया गया था,इसके बाद दुकानदार कोर्ट गया, कोर्ट से आदेश जारी हुआ कि कृषि विभाग निलंबन से दुकान को मुक्त कर सकता है लेकिन उसमें भी नियम के विपरीत कृषि विभाग के अधिकारी ने अपने अधिकार से अलग हटकर उक्त दुकानदार के लाइसेंस को निलंबन से मुक्त कर दिया बताया जाता है कि जिस दुकान को जिला कृषि पदाधिकारी ने निलंबित किया उसे संयुक्त कृषि निदेशक स्तर के अधिकारी निलंबन मुक्त कर सकते हैं, जब कि पहले के जिला कृषि पदाधिकारी ने नियम से हटकर उक्त दुकानदार के लाइसेंस को निलंबन से मुक्त कर दिया जिससे उसे थोक विक्रेता का मनोबल बढ़ा रहाबताया तो यह भी जाता है कि कुछ थोक विक्रेता अपने चहेेते खुदरा विक्रेताओं को अधिक खाद उपलब्ध कराता है और उसके माध्यम से ही खाद का कालाबाजारी किया जा रहा है हालांकि जिला कृषि पदाधिकारी ने लगातार छापेमारी जारी रखने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया है खुद जिला कृृषि पदाधिकारी दुकानों की जांच करने पहुंचते हैं ताकि किसी तरह से खाद कालाबाजारी पर अंकुश लगे और किसानों को उचित कीमत पर समय पर खाद उपलब्ध हो

कृषि विभाग के इस कार्रवाई से कालाबाजारी करने वाले खाद विक्रेताओं में हड़कंप मचा हुआ है

Related Post