मुजफ्फरपुर : मुजफ्फरपुर स्थित एम.आई.टी. (MIT), के सभागार (AVH) में जिला प्रशासन के सहयोग से एक विशेष कार्यक्रम प्रेरणा 1.0 का आयोजन किया गया इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य UPSC-2025 की परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले मेधावी युवाओं को सम्मानित करना है कार्यक्रम का शुभारंभ बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत द्वारा किया गया
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ की गई,जिसके पश्चात डॉ. मनोज कुमार (सहायक प्राध्यापक, एप्लाइड साइंसेज़) ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए बताया कि प्रेरणा 1.0 कार्यक्रम पहली बार आयोजित किया जा रहा है और संस्थान के लगभग 70 वर्षों के इतिहास में इस प्रकार का यह पहलाआयोजन है
उन्होंने कहा कि MIT इस आयोजन की मेजबानी करते हुए स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहा है
इसके पश्चात मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने स्वागत भाषण प्रस्तुत करते हुए कहा कि इस कार्यक्रम की परिकल्पना बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत के मार्गदर्शन में की गई है, ताकि युवाओं को सिविल सेवा की दिशा में प्रेरित किया जा सके उन्होंने मुख्य सचिव का विशेष धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि इस प्रकार की पहल युवाओं को लक्ष्य निर्धारित करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है
कार्यक्रम में बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, आयुक्त, डीआईजी, जिलाधिकारी, एसएसपी सहित अनेक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं शिक्षाविद् उपस्थित रहे संस्थान के प्राचार्य प्रो. डॉ. एम. के. झा ने सभी अतिथियों को शॉल एवं मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया, जबकि मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत को विशेष रूप से मधुबनी पेंटिंग भेंट कर सम्मानित किया गया
इस अवसर पर UPSC-2025 में सफलता प्राप्त करने वाले कुल 18 मेधावी अभ्यर्थियों—राघव झुनझुनवाला, वह, प्रियंक, यशस्वी राज वर्धन, प्राची हनी, ,,फहं वसीम उर रहमान, आयुष कुमार, संजीव कुमार, अभिषेक सिंह, श्रेया झा, मुकेश बरनवाल, निकित सिंह, नूर आलम, सौरभ कुमार एवं विवेक कुमार—को शॉल एवं मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया इस अवसर पर सभागार में उपस्थित विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सभी सफल अभ्यर्थियों का अभिनंदन किया
इस अवसर पर मुख्य अतिथि बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने अपने संबोधन में कहा कि यह उनके लिए अत्यंत भावनात्मक अवसर है उन्होंने कहा कि उनके जीवन की सबसे बड़ी प्रेरणा उनके माता-पिता रहे हैं, जो आज इसी मंच पर उपस्थित हैं
उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि किसी भी पेशे का महत्व उसकी प्रतिष्ठा से नहीं, बल्कि उस कार्य के प्रति आपकी निष्ठा और समर्पण से निर्धारित होता है उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि सिविल सेवा की यात्रा की शुरुआत यहीं से होनी चाहिए और इसे समाज तथा देश सेवा के अवसर के रूप में देखना चाहिए उन्होंने कहा कि पद और कुर्सी अस्थायी होते हैं, लेकिन समाज के लिए किया गया कार्य स्थायी होता है उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे निर्णय लेने से न डरें और अपने राज्य तथा देश का नाम रोशन करें
इस अवसर पर प्रत्यय अमृत के माता-पिता डॉ. रिपुसूदन श्रीवास्तव एवं डॉ. कविता वर्मा भी कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिनकी उपस्थिति ने कार्यक्रम को और अधिक गरिमामय बना दिया
डीआईजी ने अपने संबोधन में कहा कि UPSC जैसी कठिन परीक्षा में सफलता वर्षों की तपस्या, अनुशासन और परिवार के सहयोग का परिणाम होती है उन्होंने सफल अभ्यर्थियों की उपलब्धियों को विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायी बताया
इस अवसर पर एसएसपी ने अपने संबोधन में मुख्य अतिथि प्रत्यय अमृत की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने अपने प्रशासनिक जीवन में विभिन्न क्षेत्रों—विशेषकर बिजली एवं स्वास्थ्य विभाग—में उल्लेखनीय कार्य करते हुए समाज के लिए प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया है
उन्होंने कहा कि ऐसे व्यक्तित्व से युवाओं को सीख लेनी चाहिए और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहना चाहिए
आयुक्त गिरिवर दयाल सिंह (IAS) ने कहा कि मुजफ्फरपुर और वैशाली से UPSC में 4वीं और 10वीं रैंक प्राप्त होना पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि जीवन में असफलता जैसी कोई चीज नहीं होती, बल्कि यह सफलता की ओर बढ़ने का एक महत्वपूर्ण चरण होती है
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों और UPSC-2025 के सफल अभ्यर्थियों के बीच एक प्रेरणादायी संवाद सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें छात्रों ने खुलकर अपने प्रश्न रखे और सफल अभ्यर्थियों ने अपने अनुभव साझा किए
चौथे वर्ष के छात्र सुधांशु शेखर ने पूछा कि आगे की तैयारी के दौरान अनुशासन कैसे बनाए रखें